कक्षा 10 अम्ल, क्षारक और लवण: हिंदी फ्लैशकार्ड
NCERT कक्षा 10 विज्ञान अध्याय 2 के लिए स्वतंत्र हिंदी फ्लैशकार्ड—सूचक, pH, उदासीनीकरण, अभिक्रियाएँ और उपयोगी लवण, छोटे उदाहरणों सहित।
இந்தத் தொகுப்பு பற்றி
यह 72-कार्ड डेक NCERT कक्षा 10 विज्ञान अध्याय 2 के मुख्य विचारों को छोटे हिंदी रिकॉल संकेतों में बदलता है। इसमें सूचक, अम्ल-क्षारक अभिक्रियाएँ, जलीय आयन, उदासीनीकरण, pH, दैनिक जीवन के उदाहरण, लवणों के परिवार और उपयोगी सामान्य लवण शामिल हैं।
कार्ड अवधारणा या अभिकारक से उत्पाद और समीकरण, प्रेक्षण से सही अवधारणा, तथा किसी नामित लवण से उसका सूत्र, निर्माण या उपयोग याद कराते हैं। कुछ छोटे तुलना-कार्ड सूखी और जलीय HCl, प्रबल और दुर्बल अम्ल, तथा अलग-अलग मूल अम्ल-क्षारक से बने लवणों का अंतर साफ करते हैं।
क्रम पहले सूचकों और परिचित अभिक्रियाओं की नींव रखता है, फिर आयनों, तनुकरण, उदासीनीकरण और pH पर जाता है। अंतिम भाग साधारण नमक, क्लोर-क्षार प्रक्रिया, विरंजक चूर्ण (ब्लीचिंग पाउडर), बेकिंग सोडा, धोने का सोडा (वाशिंग सोडा), क्रिस्टलन जल, जिप्सम और प्लास्टर ऑफ पेरिस को जोड़ता है।
हर संभावित उलटा समीकरण, विकल्प-आधारित MCQ, लंबे निबंध, असुरक्षित प्रयोग, उन्नत साम्य गणना और अनुमापन वक्र जानबूझकर शामिल नहीं किए गए हैं। डेक सक्रिय पुनरावृत्ति के लिए है; यह पाठ्यपुस्तक, प्रयोगशाला पर्यवेक्षण या शिक्षक के निर्देश की जगह नहीं लेता।
यह स्वतंत्र और अनौपचारिक अध्ययन सामग्री है; NCERT या CBSE से संबद्ध, प्रायोजित या अनुमोदित नहीं है। किसी परीक्षा प्रश्न, अंक-योजना या पाठ्यपुस्तक के वाक्य कॉपी नहीं किए गए हैं। इस डेक की NCERT अध्याय 2 के 2026–27 पुनर्मुद्रण के लिए समीक्षा की गई है। हिंदी शब्दावली और दायरा CBSE हिंदी शैक्षणिक सामग्री से भी जाँचे गए हैं।
இந்தத் தொகுப்பின் அட்டைகள்
அட்டை 1
கேள்வி
अम्ल-क्षारक सूचक क्या बताता है?
பதில்
वह बताता है कि कोई विलयन अम्लीय है या क्षारकीय। सूचक माध्यम के अनुसार रंग या गंध में पहचान योग्य बदलाव देता है।
அட்டை 2
கேள்வி
अम्ल नीले लिटमस का रंग कैसे बदलता है?
பதில்
नीले से लाल। लाल लिटमस अम्ल में लाल ही रहता है।
அட்டை 3
கேள்வி
घ्राण सूचक किस आधार पर अम्ल और क्षारक की पहचान कराता है?
பதில்
गंध में बदलाव के आधार पर। प्याज, वैनिला और लौंग के तेल जैसे पदार्थ घ्राण सूचक के उदाहरण हैं।
அட்டை 4
கேள்வி
क्षारकीय विलयन में फीनॉल्फ्थेलीन का रंग क्या होता है?
பதில்
गुलाबी। यह क्षारक की उपस्थिति का संकेत है।
அட்டை 5
கேள்வி
हल्दी सूचक क्षारक के संपर्क में किस रंग का हो जाता है?
பதில்
लाल-भूरा। अम्लीय माध्यम में हल्दी सामान्यतः पीली रहती है।
அட்டை 6
கேள்வி
अम्लीय विलयन में मिथाइल ऑरेंज का रंग क्या होता है?
பதில்
लाल। यही रंग अम्लीय माध्यम की पहचान कराता है।
அட்டை 7
கேள்வி
क्षारक लाल लिटमस का रंग कैसे बदलता है?
பதில்
लाल से नीला। नीला लिटमस क्षारक में नीला ही रहता है।
அட்டை 8
கேள்வி
अम्लीय विलयन में फीनॉल्फ्थेलीन का रंग क्या होता है?
பதில்
रंगहीन। अम्ल मिलाने पर क्षारकीय विलयन का गुलाबी रंग मिट जाता है।
அட்டை 9
கேள்வி
क्षारकीय विलयन में मिथाइल ऑरेंज का रंग क्या होता है?
பதில்
पीला। यह क्षारकीय माध्यम की पहचान कराता है।
அட்டை 10
கேள்வி
अम्ल और धातु की सामान्य अभिक्रिया से क्या बनता है?
பதில்
लवण और हाइड्रोजन गैस। सामान्य रूप: अम्ल + धातु → लवण + H₂।
அட்டை 11
கேள்வி
कार्बन डाइऑक्साइड को चूने के पानी से गुजारने पर पहला प्रेक्षण क्या होता है?
பதில்
चूने का पानी दूधिया हो जाता है। अघुलनशील कैल्सियम कार्बोनेट का सफेद अवक्षेप बनता है।
அட்டை 12
கேள்வி
अम्ल और धातु कार्बोनेट की अभिक्रिया के उत्पाद क्या हैं?
பதில்
लवण, कार्बन डाइऑक्साइड और जल। सामान्य रूप: अम्ल + धातु कार्बोनेट → लवण + CO₂ + H₂O।
அட்டை 13
கேள்வி
जिंक और तनु सल्फ्यूरिक अम्ल की अभिक्रिया का समीकरण क्या है?
பதில்
Zn + H₂SO₄ → ZnSO₄ + H₂। जिंक सल्फेट बनता है और हाइड्रोजन गैस निकलती है।
அட்டை 14
கேள்வி
धातु ऑक्साइड और अम्ल की सामान्य अभिक्रिया से क्या बनता है?
பதில்
लवण और जल। इस व्यवहार के कारण अधिकांश धातु ऑक्साइड क्षारकीय माने जाते हैं।
அட்டை 15
கேள்வி
सोडियम कार्बोनेट और हाइड्रोक्लोरिक अम्ल की अभिक्रिया का समीकरण क्या है?
பதில்
Na₂CO₃ + 2HCl → 2NaCl + H₂O + CO₂। बनने वाली CO₂ चूने के पानी को दूधिया करती है।
அட்டை 16
கேள்வி
अम्ल-धातु अभिक्रिया में निकली हाइड्रोजन गैस की पहचान कैसे होती है?
பதில்
जलती तीली पास लाने पर ‘पॉप’ ध्वनि से। यह हाइड्रोजन का परिचित परीक्षण है और प्रयोग शिक्षक की देखरेख में होना चाहिए।
அட்டை 17
கேள்வி
अधातु ऑक्साइड और क्षारक की अभिक्रिया सामान्यतः क्या बनाती है?
பதில்
लवण और जल। इसलिए CO₂ जैसे अधातु ऑक्साइड को अम्लीय प्रकृति का माना जाता है।
அட்டை 18
கேள்வி
अम्ल और धातु हाइड्रोजनकार्बोनेट की अभिक्रिया के उत्पाद क्या हैं?
பதில்
लवण, कार्बन डाइऑक्साइड और जल। उत्पाद धातु कार्बोनेट वाली अभिक्रिया के समान होते हैं।
அட்டை 19
கேள்வி
कॉपर(II) ऑक्साइड और HCl की अभिक्रिया का समीकरण क्या है?
பதில்
CuO + 2HCl → CuCl₂ + H₂O। कॉपर(II) क्लोराइड बनने से विलयन नीला-हरा दिखता है।
அட்டை 20
கேள்வி
जिंक और सोडियम हाइड्रॉक्साइड की पाठ्यक्रम-अभिक्रिया का समीकरण क्या है?
பதில்
2NaOH + Zn → Na₂ZnO₂ + H₂। सोडियम जिंकेट और हाइड्रोजन बनते हैं।
அட்டை 21
கேள்வி
चूने के पानी में अधिक CO₂ प्रवाहित करने पर दूधियापन क्यों गायब हो जाता है?
பதில்
घुलनशील कैल्सियम हाइड्रोजनकार्बोनेट बनता है। CaCO₃ + CO₂ + H₂O → Ca(HCO₃)₂।
அட்டை 22
கேள்வி
धातु ऑक्साइडों की सामान्य प्रकृति क्या होती है?
பதில்
क्षारकीय। वे अम्ल से अभिक्रिया करके लवण और जल बनाते हैं।
அட்டை 23
கேள்வி
सोडियम हाइड्रोजनकार्बोनेट और HCl की अभिक्रिया का समीकरण क्या है?
பதில்
NaHCO₃ + HCl → NaCl + H₂O + CO₂। कार्बन डाइऑक्साइड के कारण बुलबुले बनते हैं।
அட்டை 24
கேள்வி
क्या हर धातु प्रबल क्षारक से हाइड्रोजन निकालती है?
பதில்
नहीं। यह अभिक्रिया केवल कुछ धातुओं, जैसे जिंक, के साथ होती है; इसे सभी धातुओं पर लागू नहीं किया जा सकता।
அட்டை 25
கேள்வி
CO₂ और चूने के पानी की अभिक्रिया का समीकरण क्या है?
பதில்
CO₂ + Ca(OH)₂ → CaCO₃ + H₂O। CaCO₃ का सफेद अवक्षेप दूधियापन देता है।
அட்டை 26
கேள்வி
अम्लीय जलीय विलयन विद्युत का चालन क्यों करते हैं?
பதில்
क्योंकि उनमें गतिशील आयन होते हैं। H₃O⁺ और ऋणायन विद्युत धारा ले जाते हैं।
அட்டை 27
கேள்வி
क्षारक जल में कौन-सा विशेष आयन उत्पन्न करते हैं?
பதில்
OH⁻ आयन। यही हाइड्रॉक्साइड आयन जलीय विलयन की क्षारकीय प्रकृति के लिए जिम्मेदार है।
அட்டை 28
கேள்வி
ग्लूकोज और अल्कोहल के जलीय विलयन अम्लों जैसे चालक क्यों नहीं होते?
பதில்
वे जल में H⁺ या अन्य पर्याप्त गतिशील आयन नहीं बनाते। केवल हाइड्रोजन परमाणु होना किसी पदार्थ को अम्ल नहीं बनाता।
அட்டை 29
கேள்வி
अम्ल जल में अपनी अम्लीय प्रकृति किस आयन के कारण दिखाते हैं?
பதில்
H₃O⁺, यानी हाइड्रोनियम आयन। H⁺ जल के अणु से जुड़कर H₃O⁺ के रूप में रहता है।
அட்டை 30
கேள்வி
क्षार और क्षारक में क्या संबंध है?
பதில்
क्षार वह क्षारक है जो जल में घुलता है। हर क्षार क्षारक है, लेकिन हर क्षारक जल में घुलनशील नहीं होता।
அட்டை 31
கேள்வி
उदासीनीकरण अभिक्रिया क्या है?
பதில்
अम्ल और क्षारक की वह अभिक्रिया जिसमें लवण और जल बनते हैं। सामान्य रूप: अम्ल + क्षारक → लवण + जल।
அட்டை 32
கேள்வி
सूखी HCl गैस सूखे नीले लिटमस को लाल क्यों नहीं करती?
பதில்
जल के बिना H₃O⁺ आयन नहीं बनते। HCl की अम्लीय प्रकृति जलीय माध्यम में दिखाई देती है।
அட்டை 33
கேள்வி
सांद्र अम्ल या क्षारक को जल में घोलने पर तापमान क्यों बढ़ता है?
பதில்
घुलने की प्रक्रिया अत्यधिक ऊष्माक्षेपी है। जलयोजन के दौरान काफी ऊष्मा निकलती है।
அட்டை 34
கேள்வி
HCl और NaOH के उदासीनीकरण का समीकरण क्या है?
பதில்
HCl + NaOH → NaCl + H₂O। अम्ल और क्षारक का प्रभाव समाप्त होकर लवण और जल बनते हैं।
அட்டை 35
கேள்வி
अम्ल या क्षारक को पतला करने पर प्रति इकाई आयतन आयनों की सांद्रता पर क्या असर पड़ता है?
பதில்
सांद्रता घटती है। अम्ल में H₃O⁺ और क्षारक में OH⁻ आयन प्रति इकाई आयतन कम हो जाते हैं।
அட்டை 36
கேள்வி
pH पैमाने पर अम्लीय, उदासीन और क्षारकीय विलयन कैसे पहचाने जाते हैं?
பதில்
pH 7 से कम अम्लीय, 7 उदासीन और 7 से अधिक क्षारकीय होता है। सामान्य pH पैमाना 0 से 14 तक है।
அட்டை 37
கேள்வி
सांद्र अम्ल को पतला करते समय अम्ल को जल में धीरे-धीरे क्यों मिलाया जाता है?
பதில்
निकली ऊष्मा बड़े आयतन के जल में सुरक्षित ढंग से फैलती है। अम्ल पर जल डालने से स्थानीय उबाल, छींटे और पात्र टूटने का जोखिम बढ़ता है।
அட்டை 38
கேள்வி
सार्वत्रिक सूचक एक साधारण सूचक से अधिक जानकारी कैसे देता है?
பதில்
यह अलग-अलग pH पर अलग रंग देता है। इसलिए केवल अम्ल/क्षारक की पहचान नहीं, बल्कि अम्लीय या क्षारकीय तीव्रता का मोटा अनुमान भी मिलता है।
அட்டை 39
கேள்வி
उदासीनीकरण का शुद्ध आयनिक समीकरण क्या है?
பதில்
H⁺(aq) + OH⁻(aq) → H₂O(l)। यही अम्लीय और क्षारकीय प्रभाव के समाप्त होने का मूल आयनिक चरण है।
அட்டை 40
கேள்வி
समान सांद्रता वाले प्रबल और दुर्बल अम्ल में मुख्य अंतर क्या है?
பதில்
प्रबल अम्ल अधिक H⁺/H₃O⁺ आयन उत्पन्न करता है। दुर्बल अम्ल उसी सांद्रता पर कम आयन बनाता है।
அட்டை 41
கேள்வி
pH घटने पर H₃O⁺ आयनों की सांद्रता कैसे बदलती है?
பதில்
बढ़ती है। कम pH अधिक हाइड्रोनियम आयन और अधिक अम्लीय प्रकृति दर्शाता है।
அட்டை 42
கேள்வி
NCERT के अनुसार मानव शरीर की क्रियाएँ लगभग किस pH सीमा में ठीक चलती हैं?
பதில்
लगभग 7.0 से 7.8। जीवधारी बड़े pH बदलाव के प्रति संवेदनशील होते हैं।
அட்டை 43
கேள்வி
pH 6 और pH 8 वाले विलयनों में किसमें H⁺ आयनों की सांद्रता अधिक है?
பதில்
pH 6 वाले विलयन में। वह अम्लीय है, जबकि pH 8 वाला विलयन क्षारकीय है।
அட்டை 44
கேள்வி
वर्षा जल को अम्लीय वर्षा कब कहा जाता है?
பதில்
जब उसका pH 5.6 से कम हो। ऐसा जल नदियों का pH घटाकर जलीय जीवन को नुकसान पहुँचा सकता है।
அட்டை 45
கேள்வி
अपच में एंटासिड राहत कैसे देता है?
பதில்
वह पेट के अतिरिक्त अम्ल को उदासीन करता है। मैग्नीशियम हाइड्रॉक्साइड एक हल्के क्षारक का उदाहरण है।
அட்டை 46
கேள்வி
दाँतों का क्षय मुँह के किस pH से नीचे शुरू हो सकता है?
பதில்
लगभग 5.5 से नीचे। अम्ल दाँतों के कैल्सियम हाइड्रॉक्सीएपेटाइट वाले इनेमल को क्षति पहुँचाता है।
அட்டை 47
கேள்வி
अम्लीय मिट्टी में किसान चूना क्यों डाल सकता है?
பதில்
मिट्टी की अतिरिक्त अम्लता को उदासीन करने के लिए। बिना बुझा चूना, बुझा चूना या चॉक क्षारकीय प्रभाव देते हैं।
அட்டை 48
கேள்வி
अध्याय में मधुमक्खी के डंक के अम्लीय प्रभाव को समझाने के लिए किस हल्के क्षारक का उदाहरण दिया गया है?
பதில்
बेकिंग सोडा। उदाहरण उदासीनीकरण का सिद्धांत समझाता है; वास्तविक डंक की देखभाल में स्थानीय चिकित्सकीय सलाह माननी चाहिए।
அட்டை 49
கேள்வி
एक ही धनायन या ऋणायन वाले लवणों को क्या कहा जाता है?
பதில்
एक ही लवण-परिवार के सदस्य। NaCl और Na₂SO₄ सोडियम लवण हैं; NaCl और KCl क्लोराइड लवण हैं।
அட்டை 50
கேள்வி
साधारण नमक का रासायनिक नाम, सूत्र और सामान्य प्रकृति क्या है?
பதில்
सोडियम क्लोराइड, NaCl, और इसका जलीय विलयन सामान्यतः उदासीन होता है। यह HCl और NaOH से बनने वाला लवण है।
அட்டை 51
கேள்வி
ब्राइन क्या है?
பதில்
सोडियम क्लोराइड का सांद्र जलीय विलयन। इसका विद्युत अपघटन क्लोर-क्षार प्रक्रिया में किया जाता है।
அட்டை 52
கேள்வி
क्लोर-क्षार प्रक्रिया का समीकरण और तीन मुख्य उत्पाद क्या हैं?
பதில்
2NaCl + 2H₂O → 2NaOH + Cl₂ + H₂। उत्पाद सोडियम हाइड्रॉक्साइड, क्लोरीन और हाइड्रोजन हैं।
அட்டை 53
கேள்வி
क्रिस्टलन जल क्या है?
பதில்
लवण की एक सूत्र इकाई में निश्चित संख्या में जुड़े जल-अणु। ये क्रिस्टल की संरचना और गुणों का हिस्सा होते हैं, सतही नमी नहीं।
அட்டை 54
கேள்வி
प्रबल अम्ल और प्रबल क्षारक से बने लवण का जलीय विलयन सामान्यतः कैसा होता है?
பதில்
उदासीन, लगभग pH 7। NaCl इसका परिचित उदाहरण है।
அட்டை 55
கேள்வி
NCERT 2026–27 पुनर्मुद्रण में विरंजक चूर्ण (ब्लीचिंग पाउडर) को किस सूत्र से दर्शाया गया है?
பதில்
Ca(ClO)₂। अध्याय यह भी स्पष्ट करता है कि वास्तविक संरचना अधिक जटिल होती है।
அட்டை 56
கேள்வி
बेकिंग सोडा का रासायनिक नाम और सूत्र क्या है?
பதில்
सोडियम हाइड्रोजनकार्बोनेट, NaHCO₃। यह हल्का, गैर-संक्षारक क्षारकीय लवण है।
அட்டை 57
கேள்வி
धोने का सोडा (वाशिंग सोडा) का रासायनिक सूत्र क्या है?
பதில்
Na₂CO₃·10H₂O। यह सोडियम कार्बोनेट का डेकाहाइड्रेट है और क्षारकीय लवण है।
அட்டை 58
கேள்வி
प्रबल अम्ल और दुर्बल क्षारक से बने लवण का विलयन सामान्यतः कैसा होता है?
பதில்
अम्लीय, यानी pH 7 से कम। अमोनियम क्लोराइड इसका परिचित उदाहरण है।
அட்டை 59
கேள்வி
क्लोर-क्षार प्रक्रिया में एनोड और कैथोड पर क्या बनता है?
பதில்
एनोड पर Cl₂ और कैथोड पर H₂ बनता है; NaOH विलयन कैथोड के पास बनता है।
அட்டை 60
கேள்வி
साधारण नमक से बेकिंग सोडा बनाने का समीकरण क्या है?
பதில்
NaCl + H₂O + CO₂ + NH₃ → NH₄Cl + NaHCO₃। NaHCO₃ उत्पाद के रूप में अलग होता है।
அட்டை 61
கேள்வி
बुझा चूना क्लोरीन से अभिक्रिया करके विरंजक चूर्ण (ब्लीचिंग पाउडर) कैसे बनाता है?
பதில்
2Ca(OH)₂ + 2Cl₂ → Ca(ClO)₂ + CaCl₂ + 2H₂O। सूखे बुझा चूने पर क्लोरीन की क्रिया कराई जाती है।
அட்டை 62
கேள்வி
प्रबल क्षारक और दुर्बल अम्ल से बने लवण का विलयन सामान्यतः कैसा होता है?
பதில்
क्षारकीय, यानी pH 7 से अधिक। सोडियम कार्बोनेट इसका परिचित उदाहरण है।
அட்டை 63
கேள்வி
नीले CuSO₄·5H₂O क्रिस्टलों को गरम करने और फिर जल डालने पर क्या बदलाव होता है?
பதில்
गरम करने पर क्रिस्टलन जल निकलता है और लवण सफेद होता है; जल वापस डालने पर नीला रंग लौट आता है।
அட்டை 64
கேள்வி
बेकिंग सोडा को गरम करने पर क्या होता है?
பதில்
2NaHCO₃ → Na₂CO₃ + H₂O + CO₂। कार्बन डाइऑक्साइड गैस निकलती है।
அட்டை 65
கேள்வி
सोडियम कार्बोनेट से धोने का सोडा (वाशिंग सोडा) कैसे बनता है?
பதில்
सोडियम कार्बोनेट के पुनःक्रिस्टलीकरण से। Na₂CO₃ में दस क्रिस्टलन जल जुड़कर Na₂CO₃·10H₂O बनता है।
அட்டை 66
கேள்வி
जिप्सम का रासायनिक सूत्र क्या है?
பதில்
CaSO₄·2H₂O। इसकी प्रत्येक सूत्र इकाई में दो जल-अणु क्रिस्टलन जल के रूप में होते हैं।
அட்டை 67
கேள்வி
विरंजक चूर्ण (ब्लीचिंग पाउडर) के मुख्य उपयोग क्या हैं?
பதில்
कपड़ा और कागज लुगदी को विरंजित करना, रासायनिक उद्योग में ऑक्सीकारक बनना और पेयजल को रोगाणुओं से मुक्त करना।
அட்டை 68
கேள்வி
बेकिंग पाउडर में बेकिंग सोडा के साथ टार्टरिक अम्ल क्यों मिलाया जाता है?
பதில்
अम्ल CO₂ बनाने में मदद करता है और बने सोडियम कार्बोनेट के कड़वे स्वाद को घटाता है। निकली CO₂ आटे को फुलाती है।
அட்டை 69
கேள்வி
प्लास्टर ऑफ पेरिस का सूत्र क्या है और इसे जिप्सम से कैसे बनाया जाता है?
பதில்
CaSO₄·½H₂O। जिप्सम, CaSO₄·2H₂O, को लगभग 373 K पर गरम करने से कैल्सियम सल्फेट हेमीहाइड्रेट बनता है।
அட்டை 70
கேள்வி
प्लास्टर ऑफ पेरिस में जल मिलाने पर क्या बनता है और वह क्यों जमता है?
பதில்
जिप्सम, CaSO₄·2H₂O, का कठोर ठोस द्रव्यमान बनता है। इसी गुण से हड्डी के साँचे, खिलौने, सजावटी वस्तुएँ और चिकनी सतहें बनाई जाती हैं।
அட்டை 71
கேள்வி
धोने का सोडा (वाशिंग सोडा) के मुख्य उपयोग क्या हैं?
பதில்
काँच, साबुन और कागज उद्योग; घरेलू सफाई; तथा जल की स्थायी कठोरता हटाना। इससे बोरेक्स जैसे सोडियम यौगिक भी बनाए जाते हैं।
அட்டை 72
கேள்வி
बेकिंग सोडा के दो प्रमुख उपयोग क्या हैं?
பதில்
बेकिंग पाउडर में आटा फुलाना और एंटासिड में अतिरिक्त पेट-अम्ल को उदासीन करना। इसका उपयोग सोडा-अम्ल अग्निशामक में भी होता है।
72 அட்டைகள்
कक्षा 10 अम्ल, क्षारक और लवण: हिंदी फ्लैशकार्ड
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